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Showing posts from April, 2019

50 लाख के मुआवज़े का एक हिस्सा दान करेंगी बिलकीस बानो

अपने पति के बगल में बैठी, कभी हिंदी तो कभी गुजराती में बोलती बिलकीस बानो. आंसुओं से उनका गला बार-बार रूंध रहा था इसलिए वो रुक-रुककर बोल रही थीं. बीच-बीच में उनके पति याक़ूब उनके कंधे पर हाथ फेरते, उनका हौसला बढ़ाते. साल 2002 में गुजरात दंगों के दौरान सामूहिक बलात्कार और अपने परिवार के 14 लोगों की हत्या देखने वाली बिलकीस बानो को 17 साल बाद सुप्रीम कोर्ट से इंसाफ़ मिला है. शीर्ष अदालत ने गुजरात सरकार को आदेश दिया है कि वो बिलकीस को मुआवज़े के तौर पर 50 लाख रुपये, उनकी पसंद की जगह पर एक घर और एक सरकारी नौकरी दे. अदालत के आदेश के बाद बिलकीस और उनके पति ने दिल्ली के प्रेस क्लब में मीडिया से बात की. बिलक़ीस ने कहा कि वो मुआवज़े का एक हिस्सा यौन हिंसा की शिकार महिलाओं और उनके बच्चों के लिए दान करना चाहती हैं. बिलकीस ने कहा कि वो अपनी बेटी के वकील बनने का सपना पूरा होते देखना चाहती हैं. उन्होंने कहा, ''एक पीड़िता के रूप में मैंने अपने सारे सपनों को मार दिया है. एक दोषमुक्त और जीवित बचे हुए व्यक्ति के रूप में अब उनकी कोई सीमा नहीं है और मेरे अधिकतर सपने मेरे और मेरे बच्चों के...

मोदी के सवाल पर सोनिया ने कहा- 2004 न भूलें, वाजपेयी जी भी अजेय थे, लेकिन हम जीते

रायबरेली. यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी ने रायबरेली से चौथी बार पर्चा दाखिल किया। इससे पहले उन्होंने रोड शो किया, इस दौरान राहुल-प्रियंका साथ में थे। पर्चा दाखिल करने के बाद सोनिया से सवाल किया गया कि क्या आप नरेंद्र मोदी को अजेय समझती हैं, इस पर उन्होंने जवाब दिया कि ऐसा बिल्कुल नहीं है। उन्होंने कहा कि 2004 ना भूलें। तब वाजपेयी जी भी अजेय थे, लेकिन हम जीते। सोनिया इस सीट पर 2004 से प्रतिनिधित्व करती आ रहीं हैं। इस बार उनका मुकाबला कभी कांग्रेस में रहे दिनेश प्रताप सिंह से है। दिनेश को भाजपा ने उम्मीदवार बनाया है। सोनिया ने पर्चा दाखिल करने से पहले हवन किया। 1967 से ही गांधी परिवार पूजा-पाठ करके ही कलेक्ट्रेट में नामांकन के लिए पहुंचता है। सोनिया भी उसी परंपरा का पालन करती आई हैं। सपा-बसपा गठबंधन ने नहीं उतारा उम्मीदवार रायबरेली सीट पर सपा-बसपा गठबंधन ने उम्मीदवार नहीं उतारा है। इस सीट पर 5वें चरण में 6 मई को मतदान होगा। सोनिया ने साल 2004, 2006 के उपचुनाव, 2009 और 2014 में हुए लोकसभा चुनाव में जीत दर्ज की। साल 1957 के बाद कांग्रेस ने इस सीट पर उपचुनाव सहित 19 बार जीत दर्ज की है। ...

अमेरिका ने भारत को 24 सीहॉक हेलिकॉप्टर बेचने को मंजूरी दी, पनडुब्बी नष्ट करने में कारगर

वॉशिंगटन. अमेरिका ने भारत को 24 एमएच-60आर रोमियो सीहॉक हेलिकॉप्टरों को बेचे जाने को मंजूरी दे दी है। अमेरिकी विदेश मंत्रालय के मुताबिक- भारत को ये हेलिकॉप्टर 2.4 अरब डॉलर (करीब 16 हजार करोड़ रुपए) में बेचे जाएंगे। हेलिकॉप्टर दुश्मन की पनडुब्बियों को नष्ट करने के अलावा जहाजों को खदेड़ने और समुद्र में सर्च-बचाव अभियान में कारगर साबित होंगे। सी किंग हेलिकॉप्टर की जगह लेंगे रोमियो सीहॉक हेलिकॉप्टरों को लॉकहीड-मार्टिन कंपनी ने बनाया है। ये ब्रिटिश सी किंग हेलिकॉप्टरों की जगह लेंगे। मंगलवार को ट्रम्प प्रशासन ने भारत को 24 हेलिकॉप्टर बेचे जाने का नोटिफिकेशन जारी किया। नोटिफिकेशन के मुताबिक- हेलिकॉप्टरों की प्रस्तावित बिक्री से भारत और अमेरिका के रणनीतिक रिश्ते मजबूत होंगे। भारत, अमेरिका का बड़ा डिफेंस पार्टनर है। डील से इंडो-पैसिफिक और दक्षिण एशिया में स्थायित्व-शांति बनाए रखने में मदद मिलेगी। वहीं, रोमियो हेलिकॉप्टरों से भारतीय फौजों की एंटी-सरफेस (जमीन) और एंटी-सबमरीन सुरक्षा क्षमता में इजाफा होगा। अमेरिका की तरफ से यह भी कहा गया कि इन हेलिकॉप्टर्स की मदद से घरेलू स्तर पर भारत की सु...